अमृतसर (प्रदीप) :- बी बी के डी ए वी कॉलेज फॉर विमेन, अमृतसर के प्रांगण में महात्मा हंसराज जी की पावन जयंती को समर्पित विशेष वैदिक हवन-यज्ञ का आयोजन किया गया, जिसमें सुदर्शन कपूर, सदस्य डी ए वी प्रबंधकर्त्री समिति, नई दिल्ली एवं अध्यक्ष, स्थानीय सलाहकार समिति मुख्य यजमान और कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. पुष्पिंदर वालिया उपस्थित रहीं। इस अवसर पर अपने संबोधन में प्रिंसिपल डॉ. पुष्पिंदर वालिया ने महात्मा हंसराज जी को निस्वार्थ सेवा एवं त्याग की प्रतिमूर्ति के रूप में स्मरण किया। आपने अपने वक्तव्य में कहा कि लाहौर में प्रथम डी ए वी विद्यालय की स्थापना में महात्मा हंसराज जी का योगदान अतुलनीय है और आज आदरणीय पद्मश्री पूनम सूरी प्रधान, डी ए वी प्रबंधकर्त्री समिति एवं आर्य प्रादेशिक प्रतिनिधि सभा, नई दिल्ली के कुशल नेतृत्व में पूरे भारत में 1000 से अधिक डी ए वी संस्थान अपनी आभा को बनाये हुए निरंतर प्रगतिशील हैं। डी ए वी संगठन आज देश में सबसे बड़ा गैर सरकारी शिक्षा नेटवर्क स्थापित करने में सक्षम हुआ है। आपने संस्था को प्राप्त विभिन्न उपलब्धियों एवं छात्राओं को भिन्न-भिन्न संस्थानों में प्राप्त नियुक्तियों से अतिथियों को अवगत कराया।

इंद्रपाल आर्य प्रधान, आर्य समाज लक्ष्मणसर एवं सदस्य, प्रबन्धकर्त्री समिति, नई दिल्ली ने अपने सम्बोधन में सर्वप्रथम प्राचार्या जी को इस विशेष वैदिक हवन-यज्ञ के सफल आयोजन के लिए बधाई दी। आपने छात्राओं को यज्ञ की महत्ता से अवगत करवाते हुए कहा कि आर्य समाज ने सदैव देश में फैली भ्रांतियों को समाप्त कर ज्ञान का प्रसार किया है। एडवोकेट सुदर्शन कपूर ने अंत में उपस्थिति का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए छात्राओं को जीवन की प्रत्येक परस्थिति में उन्नति के मार्ग पर अग्रसर रहने के लिए प्रेरित किया। संगीत-विभाग के प्रोफेसर नरेंद्र कुमार एवं अरुण कुमार ने मधुर भजन की प्रस्तुति देकर वातावरण को रसमय बना दिया। डॉ. अनीता नरेन्द्र अध्यक्ष, हिन्दी-विभाग द्वारा कुशल मंच संचालन किया गया। हवन-यज्ञ में आर्य समाज, शक्तिनगर से राकेश मेहरा, अतुल मेहरा, विमल कपूर और आर्य समाज, लॉरेंस रोड से अनिल विनायक, हरीश कुमार तथा सम्माननीय अतिथि बेला कपूर, गगन चोपड़ा, आशुला चोपड़ा विशेष रूप से शामिल हुए। आर्य युवती सभा के सभी सदस्य, कॉलेज के पदाधिकारी तथा टीचिंग एवं नॉन-टीचिंग के सदस्यों सहित छात्राएँ भी इस अवसर पर उपस्थित रहीं।
JiwanJotSavera