जालंधर (तरुण) :- पी सी एम एस डी कॉलेज फॉर विमेन, जालंधर के प्लेसमेंट सेल ने महिंद्रा राइज़ के सहयोग और नंदी फाउंडेशन द्वारा लागू किए गए एक ‘एम्प्लॉयबिलिटी स्किल्स ट्रेनिंग प्रोग्राम’ (रोज़गार कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रम) का आयोजन किया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं को प्रोफेशनल ग्रोथ के लिए ज़रूरी कौशल सिखाना और उनकी रोज़गार पाने की क्षमता (एम्प्लॉयबिलिटी) को बढ़ाना था। यह ट्रेनिंग प्रोग्राम नंदी फाउंडेशन की ट्रेनर अंजू जैन द्वारा दो बैच में चलाया गया। इसका समन्वय प्लेसमेंट सेल की इंचार्ज रजनी कपूर और डॉ. दिव्या बुधिया ने किया। पहले बैच में 34 छात्राएं थीं और इसमें 7 दिन/40 घंटे की ट्रेनिंग दी गई, जबकि दूसरे बैच में 47 छात्राएं थीं और इसमें 6 दिन/36 घंटे की ट्रेनिंग दी गई। इस कार्यक्रम में छात्राओं के कम्युनिकेशन स्किल्स, आत्मविश्वास, पर्सनैलिटी डेवलपमेंट, टीमवर्क, लीडरशिप क्षमता, इंटरव्यू स्किल्स, ग्रुप डिस्कशन स्किल्स, वर्कप्लेस एटिकेट (काम की जगह पर शिष्टाचार), समस्या सुलझाने की क्षमता और नौकरी के लिए समग्र तैयारी पर ध्यान दिया गया। सेशन इंटरैक्टिव और एक्टिविटी-बेस्ड तरीके से आयोजित किए गए, जिससे छात्राओं को सक्रिय रूप से भाग लेने और विभिन्न एम्प्लॉयबिलिटी स्किल्स का अभ्यास करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। दोनों बैच की कुल 81 छात्राओं ने इस कार्यक्रम को सफलतापूर्वक पूरा किया। इस ट्रेनिंग से छात्राओं को अपना आत्मविश्वास बढ़ाने, कम्युनिकेशन स्किल्स में सुधार करने और प्रोफेशनल व्यवहार व वर्कप्लेस की उम्मीदों को बेहतर ढंग से समझने में मदद मिली। ट्रेनिंग प्रोग्राम सफलतापूर्वक पूरा करने पर छात्राओं को सर्टिफिकेट भी दिए गए। प्रेसिडेंट नरेश बुधिया, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट विनोद दादा, मैनेजिंग कमेटी के अन्य सम्मानित सदस्यों और प्रिंसिपल डॉ. पूजापराशर ने प्लेसमेंट सेल की कोशिशों की सराहना की और छात्राओं को मूल्यवान एम्प्लॉयबिलिटी स्किल्स और इंडस्ट्री-ओरिएंटेड ट्रेनिंग के अवसर प्रदान करने की इस पहल की प्रशंसा की।
Jiwanjot Savera