आईआईटी रोपड़ ने अकादमिक-उद्योग सहयोग को बढ़ावा देने के लिए इंडस्ट्री लिंक 2025 का आयोजन किया

चंडीगढ़ (ब्यूरो) :- भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान, रोपड़ ने “क्षितिजों का समन्वय: एक बेहतर भविष्य के लिए प्रतिभा, विचार और उद्योग” विषय पर इंडस्ट्री लिंक 2025 का सफलतापूर्वक आयोजन किया। इस कार्यक्रम में छात्रों, शिक्षकों, 600 से अधिक प्रतिभागियों और उद्योग एवं शिक्षा जगत के 20 से अधिक प्रतिष्ठित वक्ताओं ने भाग लिया। कार्यक्रम की शुरुआत आईआईटी रोपड़ के डीन (सीएपीएस) डॉ. पुष्पेंद्र पी. सिंह के उद्घाटन भाषण से हुई, जिसमें उन्होंने इंडस्ट्री लिंक की उत्पत्ति पर प्रकाश डाला। इसके बाद आईआईटी रोपड़ के निदेशक प्रो. राजीव आहूजा ने उद्घाटन भाषण दिया, जिसमें उन्होंने विकसित भारत के निर्माण और भविष्य के लिए तैयार प्रतिभाओं के निर्माण में अकादमिक-उद्योग सहयोग के महत्व पर ज़ोर दिया। डॉ. वरदराजू जनार्दनन, सीएचआरओ, फ्लिपकार्ट सुपर मनी द्वारा मुख्य भाषण, उसके बाद उद्योग भागीदारों के साथ समझौता ज्ञापन की घोषणाएँ और डॉ. राजू कदम, भारत फोर्ज द्वारा एक टेड टॉक। “उद्योग 4.0 के युग में कार्यबल का भविष्य: विकसित भारत के लिए भर्ती और प्रतिभा तत्परता पर पुनर्विचार” विषय के अंतर्गत मानव संसाधन पर केंद्रित पहली पैनल चर्चा का संचालन चेष्टा डोरा (पीपल मैटर्स) ने किया, जिसमें पैनलिस्ट चार्ल्स गॉडविन (मानव संसाधन प्रमुख और सार्वजनिक वक्ता, ज़ोहो कॉर्प), निकेत गुप्ता (प्रतिभा अधिग्रहण और परिसर प्रमुख, मिंत्रा) और मयंक जैन (मुख्य मेटावर्स अधिकारी और डिजिटल परिवर्तन प्रमुख, यूएस टेक सॉल्यूशंस) शामिल थे।

पैनल ने इस बात पर चर्चा की कि कैसे उभरती प्रौद्योगिकियाँ और डिजिटल परिवर्तन प्रतिभा अधिग्रहण, कार्यबल विकास और मानव संसाधन रणनीतियों को नया रूप दे रहे हैं। इसके बाद एचपीसीएल के कार्यकारी निदेशक – मानव संसाधन, डॉ. विलास ज़ोडे का मुख्य भाषण, मुराता के श्री संजीव कुमार का टेड टॉक और एक्सेंचर इंडिया के प्रबंध निदेशक एवं ग्लोबल डिलीवरी लीड – इंडस्ट्री एक्स, श्री अभिषेक गोयल का मुख्य भाषण हुआ। आरएंडडी पर आयोजित दूसरी पैनल चर्चा में “विकसित भारत को आकार देना: अकादमिक-उद्योग सहयोग के माध्यम से एआई, डेटा और उद्योग 4.0” पर चर्चा की गई और इसका संचालन शौनक सोनटक्के (इंजीनियरिंग निदेशक, पैटर्न) ने किया, जिसमें पैनलिस्ट सुश्री सौम्या गोपीनाथन (इकोसिस्टम और टेक एक्सीलेंस लीडर, श्नाइडर इलेक्ट्रिक), डॉ. जतिंदर कौर अरोड़ा (सलाहकार, उत्तरी क्षेत्र एसएंडटी क्लस्टर), यचनीत पुष्करणा (सीईओ और निदेशक, हरिबोल फूड्स), दिनकर गुप्ता (संस्थापक, लीप टेक) और डॉ. सुदर्शन अयंगर (निदेशक, अन्नाम.एआई) शामिल थे। सत्र को BHIVE की वरिष्ठ उपाध्यक्ष रुचि चल्लू के TED टॉक और पैटर्न के प्रबंध निदेशक नीलेश बिनीवाले के मुख्य भाषण से समृद्ध किया गया। सीएसआर पर केंद्रित तीसरे पैनल चर्चा में “सामाजिक और सतत नवाचार के लिए उद्योग-अकादमिक तालमेल” पर प्रकाश डाला गया और इसका संचालन श्री अभिषेक झा (परामर्श संपादक, विदेश मामले, सीएसआर यूनिवर्स) ने किया। पैनल ने प्रभावशाली सीएसआर पहलों और सतत विकास को आगे बढ़ाने के लिए उद्योग और शिक्षा जगत के बीच सहयोगात्मक मॉडलों पर गहन चर्चा की। पैनलिस्टों में श्री रमेश वेणुगोपालसामी (सीएसआर प्रमुख, स्किलिंग, बजाज ऑटो लिमिटेड), विक्टर सुंदरराज (एसोसिएट उपाध्यक्ष – शिक्षा, शिक्षण और विकास, इंफोसिस), ऐश्वर्या महाजन (प्रबंध न्यासी और अध्यक्ष, एम3एम फाउंडेशन), नवीन झा (निदेशक, आईएसएपी इंडिया), और अनिरुद्ध सिंह राणा (संस्थापक, स्मिलेट्स) शामिल थे। इस सत्र में एचआरएस समूह के उत्पाद प्रबंधक और आईआईटी रोपड़ के पूर्व छात्र अश्विन गोयल द्वारा TED टॉक – पूर्व छात्र परिप्रेक्ष्य भी प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम का समापन आईआईटी रोपड़ के निदेशक प्रो. राजीव आहूजा और सीएपीएस टीम द्वारा इंडस्ट्री लिंक 2026 की घोषणा के साथ हुआ, जिसके बाद आईआईटी रोपड़ के पूर्व छात्र एवं प्लेसमेंट समन्वयक डॉ. सूर्य के. सहदेव ने धन्यवाद ज्ञापन दिया।

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